Patna NEET Student Death Case: प्रेस कॉन्फ्रेंस से भागी पुलिस, CBI जांच ट्रांसफर — यौन हिंसा एंगल पर बड़े खुलासे

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प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद CBI जांच ट्रांसफर
Highlights
  • • प्रेस कॉन्फ्रेंस में सवालों से बची पुलिस • यौन हिंसा की आशंका स्वीकार • कपड़ों से स्पर्म मिलने की पुष्टि • 18 DNA सैंपल — कोई मैच नहीं • केस CBI को ट्रांसफर

पटना में NEET की तैयारी कर रही छात्रा की संदिग्ध मौत का मामला अब और भी संवेदनशील मोड़ पर पहुंच गया है। बुधवार को पटना पुलिस ने इस हाई-प्रोफाइल केस को लेकर संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस की, लेकिन जांच से जुड़े गंभीर सवालों पर अधिकारी जवाब देने से बचते नजर आए। अंततः पुलिस ने घोषणा की कि मामले की जांच अब केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को सौंप दी गई है। इस घटनाक्रम ने पूरे केस की दिशा बदल दी है और कई नए सवाल खड़े कर दिए हैं।

Patna NEET Student Death Case: प्रेस कॉन्फ्रेंस में क्या बोले पुलिस अधिकारी

संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में IG जितेंद्र राणा, SSP कार्तिकेय शर्मा और SP परिचय कुमार मौजूद रहे। करीब 15 मिनट तक पुलिस अधिकारियों ने जांच की प्रगति पर अपना पक्ष रखा।

अधिकारियों ने स्वीकार किया कि छात्रा के साथ यौन हिंसा की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। हालांकि, जब पत्रकारों ने विस्तृत सवाल पूछने शुरू किए तो SSP कार्तिकेय शर्मा ने “नो कमेंट्स” कहकर जवाब देने से इनकार कर दिया।

इसके तुरंत बाद सभी अधिकारी प्रेस कॉन्फ्रेंस छोड़कर निकल गए। बाहर भी मीडिया के सवालों से बचते हुए अधिकारी तेजी से अपनी गाड़ियों में बैठकर रवाना हो गए। इस रवैये ने जांच की पारदर्शिता पर और सवाल खड़े कर दिए।

Patna NEET Student Death Case: परिवार ने सौंपे थे 5 कपड़े, स्पर्म मिलने की पुष्टि

जांच के दौरान एक महत्वपूर्ण फॉरेंसिक तथ्य सामने आया है।

SSP ने बताया कि छात्रा के परिवार ने पुलिस को पांच कपड़े सौंपे थे। फॉरेंसिक जांच में इनमें से एक कपड़े पर स्पर्म मिलने की पुष्टि हुई है।

हालांकि, पुलिस ने यह भी कहा कि शुरुआत में परिवार केस दर्ज कराने के लिए तैयार नहीं था। बाद में अस्पताल की सूचना के आधार पर मामला दर्ज किया गया।

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Patna NEET Student Death Case: हॉस्टल CCTV और आखिरी मूवमेंट की टाइमलाइन

पुलिस जांच में हॉस्टल के CCTV फुटेज अहम सबूत के रूप में सामने आए हैं।
• 5 जनवरी की दोपहर छात्रा अपनी एक दोस्त के साथ कमरे में जाती दिखी
• करीब दो मिनट बाद वह कमरे से बाहर आई
• इसके बाद वह दोबारा बाहर नहीं निकली
• 6 जनवरी सुबह नाश्ते के लिए आवाज दी गई, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला
• स्टाफ ने दरवाजा खोला, छात्रा बेहोश हालत में मिली

उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।

पुलिस ने हॉस्टल के DVR को सीज कर फुटेज स्पेशल लैब में भेजा है, ताकि किसी छेड़छाड़ की संभावना की जांच की जा सके।

Patna NEET Student Death Case: पटना जंक्शन से हॉस्टल तक की जांच

जांच एजेंसियों ने हॉस्टल पहुंचने से पहले की गतिविधियों की भी पड़ताल की।
• छात्रा पटना जंक्शन के CCTV में दिखी
• जिस ऑटो से वह हॉस्टल पहुंची, उसके ड्राइवर से पूछताछ हुई
• दवा खरीदने की जानकारी भी जांच में शामिल की गई

पुलिस छात्रा की पूरी मूवमेंट चेन खंगाल रही है।

Patna NEET Student Death Case: पोस्टमॉर्टम के बाद बदली जांच की दिशा

शुरुआत में पुलिस ने मामले को आत्महत्या (सुसाइड) बताया था।

लेकिन पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद केस की दिशा बदल गई। रिपोर्ट में दुष्कर्म की पुष्टि के संकेत मिलने के बाद SIT गठित की गई और फॉरेंसिक जांच तेज की गई।

अब तक:
• 18 लोगों के DNA सैंपल लिए गए
• किसी का भी सैंपल मैच नहीं हुआ

यही वजह है कि केस और जटिल हो गया।

Patna NEET Student Death Case: SHO स्तर पर लापरवाही, कार्रवाई

जांच में पुलिस की आंतरिक लापरवाही भी सामने आई।

SSP ने बताया कि चित्रगुप्त नगर थाने की SHO स्तर पर लापरवाही पाई गई, जिसके बाद संबंधित अधिकारी पर कार्रवाई की गई है।

साथ ही अस्पताल से लामा रिपोर्ट जब्त कर केस डायरी में शामिल की गई है।

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Patna NEET Student Death Case: CBI जांच ट्रांसफर — अब आगे क्या?

Patna NEET Student Death Case: प्रेस कॉन्फ्रेंस से भागी पुलिस, CBI जांच ट्रांसफर — यौन हिंसा एंगल पर बड़े खुलासे 1

मामले की गंभीरता और बढ़ते विवाद को देखते हुए सरकार ने जांच CBI को सौंप दी है।

CBI अब:
• फॉरेंसिक साक्ष्यों की पुनः जांच
• DNA मिलान
• डिजिटल फुटेज विश्लेषण
• कॉल डिटेल व मूवमेंट ट्रैकिंग

जैसे पहलुओं पर काम करेगी।

Patna NEET Student Death Case: पहचान उजागर न करने की अपील

पुलिस अधिकारियों ने मीडिया से पोक्सो एक्ट का पालन करने की अपील की है।

निर्देश दिए गए हैं कि:
• पीड़िता की पहचान उजागर न हो
• परिजनों की फोटो/डिटेल न दिखाई जाए
• ऐसी कोई जानकारी प्रकाशित न हो जिससे पहचान सामने आए

इस केस ने कई गंभीर सवाल खड़े किए हैं—
• शुरुआती जांच में सुसाइड एंगल क्यों?
• DNA मैच क्यों नहीं हुआ?
• CCTV में गैप क्यों?
• प्रेस कॉन्फ्रेंस में जवाबों से बचाव क्यों?

अब सबकी नजर CBI जांच पर टिक गई है।

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