बिहार में कई शिक्षकों की नौकरी पर अब भी खतरा बरकरार, इन कारणों से गिर सकती है गाज

352 Views
2 Min Read

Desk: बिहार में कई शिक्षकों की नौकरी पर खतरा अभी भी मंडराया ही हुआ है. इंटर में 50 फीसदी से कम अंक हासिल किए और ट्रेनिंग नहीं लेने वाले शिक्षकों की नौकरी पर तलवार लटक रही है. केंद्र सरकार का ऐसा निर्देश भी है कि किसी भी अप्रशिक्षित शिक्षकों को सेवा में नहीं रखना है. वहीं इस मामले को लेकर अब बिहार का शिक्षा विभाग भी गंभीर दिख रहा है और प्रशिक्षण प्राप्त शिक्षकों के प्लस टू के प्रमाण-पत्र को जारी करने की मांग भी की गई है.

बिहार में बड़ी संख्या में ऐसे अप्रशिक्षित शिक्षक बताये जाते हैं जिन्होंने NIOS से डीईएलएड का कोर्स किया है. NIOS के माध्यम से ही प्लस टू की परीक्षा के द्वारा अपना अंक प्रतिशत बेहतर करने वालों को अभी तक सर्टिफिकेट नहीं मिला है. इस माध्यम से प्लस टू की परीक्षा पास किए वैसे डीईएलएड शिक्षक जो 50 प्रतिशत से अधिक नंबर ले भी आए हैं उनके नौकरी पर खतरा है.

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, शिक्षकों के आवेदन पर गंभीरता दिखाते हुए बिहार के प्राथमिक शिक्षा निदेशक ने राष्ट्रीय मुक्त विद्यालयी शिक्षा संस्थान पटना के क्षेत्रीय निदेशक को पत्र लिखा है. जिसमें शीघ्र कार्रवाई करने की बात कही गई है.

Share This Article